भारत में इनोवेशन को बढ़ावा देने के लिए फेसबुक ने की एक्सलरेटर प्रोग्राम की घोषणा

0

छह महीने के एक्सलरेटर प्रोग्राम के तहत हर स्टार्टअप को ट्रेनिंग, मेंटर, वर्कशॉप, रिसर्च और फेसबुक के वीआर इनोवेशन लैब के तहत मदद मिलेगी। इसके लिए जनवरी 2018 से आवेदन किए जा सकेंगे। 

टी-हब और फेसबुक की साझेदारी द्वारा तैयार वर्कशॉप
टी-हब और फेसबुक की साझेदारी द्वारा तैयार वर्कशॉप
 हैदराबाद में 28 नवंबर से तीन दिवसीय ग्लोबल आंतरप्रेन्योरशिप समिट होने जा रहा हैं। इस आयोजन में दुनिया भर के करीब 1500 से ज्यादा पार्टिसिपेंट्स हिस्सा लेने वाले हैं। 

ये घोषणाएं भारत के नवोन्मेष पारिस्थितिकी तंत्र के विकास में मदद करने के लिए डेवलपर्स और भागीदारों के साथ काम करने के लिए फेसबुक की प्रतिबद्धता का प्रदर्शन करती हैं और वीआर जैसी उभरती हुई प्रौद्योगिकियां बनाने में मदद करती हैं।

हैदराबाद में आयोजित हो रहे ग्लोबल आंत्रप्रेन्योरशिप समिट के पहले दिन फेसबुक ने भारत की डिजिटल अर्थव्यवस्था में एक्सीलेरेटर कार्यक्रमों की शुरूआत के साथ नए निवेश की घोषणा की है। इससे भारत में टेक स्टार्टअप, डेवलपर्स और स्टूडेंट्स को उभरती हुई तकनीक के सहारे प्रॉडक्ट को बनाने में मदद मिलेगी। इससे मौजूदा स्टार्ट अप को तो मदद मिलेगी ही साथ में स्टार्टअप की अगली पीढ़ी को प्रेरणा मिलेगी। इन प्रोग्राम्स के सहारे नई तकनीक का इस्तेमालल सुलभ हो सकेगा। इसमें वर्चुअल रिएलिटी जैसे प्रोग्राम भी शामिल हैं।

यह प्रोग्राम आम लोगों और स्टार्टअप्स के लिए डिजाइन किया गया है। कंपनी ने डिजिटल ट्रेनिंग और फेसबुक स्टार्टअप ट्रेनिंग हब की शुरुआत की है। इसके तहत व्यक्तिगत ऑनलाइन कार्यक्रम चलाए जाएंगे और छोटे व्यवसायियों को डिजिटल कौशल प्रदान किया जाएगा। इससे उन्हें कारोबार के लिए समर्थ बनाने में मदद की जाएगी। फेसबुक ने डिजिटल विद्या, ईडीआईआई,और स्टार्टअप इंडिया के साथ मिलकर पाठ्यक्रम तैयार किया है।

टी-हब के साथ पार्टनरशिप के साथ ही इंडिया इनोवेशन 10 वीआर स्टार्टअप के साथ काम करेगा और उनके बिजनेस को एक्सलरेट करेगा। छह महीने के एक्सलरेटर प्रोग्राम के तहत हर स्टार्टअप को ट्रेनिंग, मेंटर, वर्कशॉप, रिसर्च और फेसबुक के वीआर इनोवेशन लैब के तहत मदद मिलेगी। इसके लिए जनवरी 2018 से आवेदन किए जा सकेंगे। 2018 की शुरुआत से ही यह प्रोग्राम शुरू होगा। हैदराबाद में 28 नवंबर से तीन दिवसीय ग्लोबल आंतरप्रेन्योरशिप समिट होने जा रहा हैं। इस आयोजन में दुनिया भर के करीब 1500 से ज्यादा पार्टिसिपेंट्स हिस्सा लेने वाले हैं। अमेरिका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप की बेटी इवांका ट्रंप भी इस मौके पर भारत आएंगी।

उभरती प्रौद्योगिकियों में भविष्य की प्रतिभाओं को बढ़ावा देने में मदद करने के लिए फेसबुक ने स्टार्टअप ग्राउंड कलेक्टिव के साथ साझेदारी में स्कूल ऑफ इनोवेशन प्रोग्राम भी शुरू किया है। देशभर के लाखों इंजिनियरिंग छात्रों में से 10 छात्रों की टीम का चयन किया जाएगा, जिससे कि वो वीआर के उयोग की मदद से नेक्स्ट जेनरेशन प्रॉडक्ट के आइडिया पर काम कर सकें। यह टीम 20 हफ्ते के एक कार्यक्रम में भाग लेगी जिसमें ऑनलाइन और व्यक्तिगत रूप से मिलने वाली ट्रेनिंग शामिल रहेगी। ये घोषणाएं भारत के नवोन्मेष पारिस्थितिकी तंत्र के विकास में मदद करने के लिए डेवलपर्स और भागीदारों के साथ काम करने के लिए फेसबुक की प्रतिबद्धता का प्रदर्शन करती हैं और वीआर जैसी उभरती हुई प्रौद्योगिकियां बनाने में मदद करती हैं।

वर्चुअल रिऐलिटी यानी वीआर आज अरबों लोगों के लिए दैनिक जीवन का एक हिस्सा। प्लेटफार्म पार्टनरशिप के प्रमुख सत्यजीत सिंह (फेसबुक इंडिया और दक्षिण एशिया) ने कहा, 'फेसबुक पर हम भारत की डिजिटल अर्थव्यवस्था के भविष्य में निवेश करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। हम अनुभव से जानते हैं कि जब शुरुआती लोगों को एक दूसरे से बढ़ने और सीखने का मौका दिया जाता है, तो कितनी तेजी से बढ़िया विचार विकसित होते हैं यही कारण है कि स्टार्टअप, डेवलपर्स और छात्रों का समर्थन करना फेसबुक पर हमारे मिशन का मुख्य हिस्सा है। इन कार्यक्रमों के साथ हम भारत में स्टार्टअप सफलता की अगली पीढ़ी के लिए मार्ग तैयार करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।'

टी-हब के सीईओ जय कृष्णन ने इस पर टिप्पणी करते हुए कहा, 'जैसा कि भारत स्टार्ट अप्स और भविष्य की तकनीकों के साथ काम करने के लिए पहले चरण में प्रवेश कर रहा है, हम टी-हब में एक बड़े बदलाव के साथ फेसबुक के साथ भागीदारी करने के लिए उत्साहित हैं। इस साझेदारी के बाद स्टार्टअप इकोसिस्टम में क्रांतिकारी बदलाव आएंगे।' ये कार्यक्रम भारत के स्टार्ट अप की एक नई पीढ़ी को प्रोत्साहित करेंगे जिसका असर पूरी दुनिया पर पड़ने वाला है।

यह भी पढ़ें: गरीबों की पढ़ाई के लिए 7,000 करोड़ रु दान करेगा यह उद्योगपति

यदि आपके पास है कोई दिलचस्प कहानी या फिर कोई ऐसी कहानी जिसे दूसरों तक पहुंचना चाहिए, तो आप हमें लिख भेजें editor_hindi@yourstory.com पर। साथ ही सकारात्मक, दिलचस्प और प्रेरणात्मक कहानियों के लिए हमसे फेसबुक और ट्विटर पर भी जुड़ें...