ऑटो ड्राइवर ने लड़की को गैंगरेप से बचाया, पुलिस ने किया सम्मानित

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असगर पाशा ने न केवल लड़की को उन आरोपियों के चंगुल से मुक्त कराया बल्कि पुलिस को सूचना भी दी। पुलिस ने फैयाज और जुबैर नाम के दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। 

असगर पाशा को सम्मानित करती पुलिस (फोटो: डेक्कन हेराल्ड)
असगर पाशा को सम्मानित करती पुलिस (फोटो: डेक्कन हेराल्ड)
स्टेशन के बाहर पुल के पास एक ऑटो रिक्शा में तीन लोगों ने उन्हें रोका। लड़की ने बताया कि वे सभी शराब के नशे में थे। 

रात को गश्त करने वाली पुलिस की टीम ने पाशा और लड़की के चचेरे भाई को अपने साथ लिया और यशवंतपुर स्टेशन के आसपास लड़की को खोजने में लग गए।

एक हिम्मती ऑटोरिक्शा ड्राइवर की बदौलत एक लड़की की जान बच गई। ऑटो चलाने वाले असगर पाशा की मदद से पुलिस ने 19 साल की लड़की से छेड़छाड़ करने वाले आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। दो व्यक्तियों ने बेंगलुरु के यशवंतपुर रेलवे स्टेशन पर गुरुवार रात लड़की और उसके चचेरे भाई के साथ मारपीट की थी। असगर पाशा ने न केवल लड़की को उन आरोपियों के चंगुल से मुक्त कराया बल्कि पुलिस को सूचना भी दी। पुलिस ने फैयाज और जुबैर नाम के दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। दोनों पार्ट टाइम ऑटो रिक्शा चलाने का काम करते हैं। पुलिस तीसरे संदिग्ध आरोपी सलमान को पकड़ने की कोशिश कर रही है।

पुलिस ने बताया कि जुबैर खान और सलमान यशवंतपुर पुलिस थाने में हिस्ट्रीशीटर हैं। लड़की और उसके रिश्तेदार चित्रदुर्ग इलाके के रहने वाले हैं और वे गुरुवार को ही हुसुकुर के पास अपने रिश्तेदार के यहां आए थे। उन्हें रिश्तेदार के घर का पता नहीं मालूम था उन्होंने उसी दिन वापस चित्रदुर्ग जाने का फैसला किया। जब उन्हें मालूम चला कि ट्रेन रात 12 बजे की है तो वे स्टेशन के बाहर आ गए। स्टेशन के बाहर पुल के पास एक ऑटो रिक्शा में तीन लोगों ने उन्हें रोका। लड़की ने बताया कि वे सभी शराब के नशे में थे। उनमें से एक आरोपी फैयाज ने लड़की को ऑटो रिक्शा में धकेल कर भागने की कोशिश की।

वहां से कुछ दूरी पर असगर पाशा अपने ऑटो के पास खड़े थे। वहां लड़की के चचेरे भाई ने भागकर असगर को इसकी सूचना दी। असगर तुरंत भागकर यशवंतपुर पुलिस स्टेशन पहुंचे और पुलिस को मामले की जानकारी दी। रात को गश्त करने वाली पुलिस की टीम ने पाशा और लड़की के चचेरे भाई को अपने साथ लिया और यशवंतपुर स्टेशन के आसपास लड़की को खोजने में लग गए। पुलिस को लगा कि वहां पास खड़े ऑटो ड्राइवर इसके बारे में कोई जानकारी दे सकते हैं। पुलिस ने लड़की को स्टेशन के पास ही बने एक गोदाम से बरामद कर लिया गया। इस घटना में तीन लोगों के गिरफ्तार कर लिया गया है। मुख्य आरोपी फैयाज एक ऑटो ड्राइवर है। वह आपराधिक प्रवृत्ति का है।

पाशा को मिला इनाम

शहर के पुलिस कमिश्नर टी सुनील कुमार ने पाशा को इस काम के लिए 5,000 रुपये का इनाम दिया और साथ ही लड़की को खोज निकालने वाली टीम के लिए भी 25,000 रुपये नकद पुरस्कार की घोषणा की। पुलिस अधिकारी ने कहा कि असगर जैसे लोगों को पुलिस की मदद करने के लिए आगे आना होगा तभी समाज में गलत काम करने वालों पर कार्रवाई की जा सकती है। असगर पाशा ने कहा, 'मैं तीनों आरोपियों को जानता हूं। देर रात मैं अपने ऑटो पर बैठा था, तभी मैंने देखा कि दो लोग पीड़िता के रिश्तेदार के पीट रहे हैं और मुख्य आरोपी फयाज लड़की को जबरदस्ती घसीटकर ले जा रहा है। तभी मैंने लड़की को बचाने का फैसला किया।' असगर का कहना है कि फयाज जैसे लोगों की वजह से ही शहर के ऑटो ड्राइवर्स बदनाम हो रहे हैं। 

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Manshes Kumar is the Copy Editor and Reporter at the YourStory. He has previously worked for the Navbharat Times. He can be reached at manshes@yourstory.com and on Twitter @ManshesKumar.

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