‘फाॅरएवर योगा’ के कपड़े पहनें, योगा को दिनचर्या में शामिल करें...

योग परिधानों को लेकर सचेत उपभोक्ताओं को आरामदायक कपड़ों की एक पूरी श्रृंखला उपलब्ध करवा रहे हैंदेशभर के योग विशेषज्ञों द्वारा परीक्षण करने के बाद बाजार लाये हैं अपने परिधानभारत के अलावा दुनिया के कई अन्य देशों को भी कर रहे हैं परिधानों की सप्लाईपूरी तरह ‘मेक इन इंडिया’ की नीति पर चलते हुए कर रहे हैं विशेष परिधानों का निर्माण

0

जैसे-जैसे योग का अभ्यास करने वालों की संख्या में दिन-प्रतिदिन इजाफा होता जा रहा है वैसे-वेसे ही इससे संबंधित परिधानों की दुनिया, जिसे आमतौर पर योग पहनावे के रूप में जाना जाता है का बाजार भी बढ़ता जा रहा है। बाजार के जानकारों के अनुसार योग के दौरान पहनने में इस्तेमाल होने वाले कपड़े और इससे संबंधित अन्य एक्टिव वियर (सक्रिय पहनावों) का बाजार परिधान उद्योग का सबसे तेजी से विकसित होने वाला क्षेत्र माना जा रहा है और आने वाले समय में इस एक्टिव वियर का बाजार 13 बिलियन डाॅलर के आसपास रहने का अनुमान है।

इस तेजी से उभरते बाजार में खुद को स्थापित करने और योग परिधानों के इस क्षेत्र में एक नया तड़का लगाने के लिये कई बड़े ब्रांड बेकरार हैं। चाहे वह पहले से ही इन परिधानों के क्षेत्र में सक्रिय अर्बन योग हो या हाल-फिलहाल के समय में इस दुनिया में अपने पांव रखने वाला ‘फाॅरएवर योगा’, सभी इस उभरते हुए बाजार में अपनी छाप छोड़ना चाहते हैं।

‘फाॅरएवर योगा’ का कहना है कि योग परिधानों के इस बाजार में फिलहाल महिलाओं का बोलबाला है। इस टीम के मुताबिक इस बाजार के कुल आकार के 70 प्रतिशत हिस्से पर महिलाओं का प्रभुत्व है। ये महिलाएं मुख्यतः ऐसे प्रदर्शक परिधानों को पसंद करती हैं जो हवादार और आरामदायक होते हुए स्टाइलिश भी हों। अमित चाँद, शिवाबलन और क्षमा मेनन ने ‘फाॅरएवर योगा’ की स्थापना ऐसे योग परिधानों को तैयार करने के मकसद से की थी जिन्हें पहनकर आसनों का अभ्यास करने के दौरान सामने वाले को अपने पहनावे को लेकर सतर्क और सचेत न रहना पड़े।

‘फाॅरएवर योगा’ का दावा है कि उनके यहां मिलने वाले परिधानों की पूरी श्रृंखला देशभर के योग के विशेषज्ञों ओर इस क्षेत्र मे जाने-माने लोगों द्वारा परीक्षण करने के बाद ही उतारी गई है। अमित चाँद कहते हैं, ‘‘हमारे उत्पादों की समस्त श्रृंखला फैशन के मौजूदा रुझानों को ध्यान में रखकर तैयार की गई है और यह आरामदायक होने के अलावा स्टाइलिश और अनौपचारिक है। हमारी पूरी श्रृंखला योग के सिर्फ योग के लिये ही नहीं है बल्कि यह आपकी आधुनिक जीवनशैली का एक हिस्सा भी बन सकने में सक्षम है और हम इसे ‘अपने योग को पहनो’ कहकर पुकारते हैं।’’

इसके तीनों सहसंस्थापक एक दूसरे को पहले से जानते हैं और पिछले आठ वर्षों से एकसाथ काम कर रहे हैं। एक तरफ अमित जहां मैक्स रिटेल में काम करते हुए महिलाओं के पहनावे और डेनिम के काम को संभाल रहे थे वहीं दूसरी तरफ क्षमा और शिवाबलन उनकी इस टीम में विक्रेता के रूप में कार्यरत थे।

अमित चाँद, फाॅरएवर योगा के सहसंस्थापक
अमित चाँद, फाॅरएवर योगा के सहसंस्थापक

पिछले वर्ष व्यापार के जगत में पांव रखने के बाद अमित ने क्षमा के साथ कुछ विचार-विमर्श किया और तभी इस योग पहनावे का विचार सामने आया। इसके बाद इन दोनों ने शिवाबलन से इसके पक्ष और विपक्ष के बारे में सलाह-मशवरा किया जिन्हें उनका यह विचार बहुत पसंद आया और वे भी इनके साथ ही सहसंस्थापक के रूप में जुड़ गईं।

इनका विचार मुख्यतः निटवियर और बुने हुए कपड़े के उत्पादन को अपने पर्यवेक्षण के अंतर्गत लाना था ताकि हर उत्पाद इनकी खुद की नजरों के सामने तैयार हो। क्षमा के पास अपनी उत्पादन की सुविधा मौजूद थी और शिवाबलन के पास अपनी बुनाई करने की सुविधा के साथ-साथ कपड़े पर डिजिटल प्रिंटिंग का भी कारखाना था।

‘फाॅरएवर योगा’ मुख्यतः भारत के अलावा दुनियाभर के 21 से 40 वर्ष की आयुवर्ग के उपभोक्ताओं को ध्यान में रखकर अपने उत्पाद तैयार कर रहा है। अमित बताते हैं, ‘‘यह महिलाओं के परिधानों के कुल बाजार के आधो से अधिक के बराबर होता है ओर इसके अलावा हम पुरुषों के लिये परिधान भी तैयार कर रहे हैं। हालांकि प्रारंभ में हम मुख्यतः महिलाओं को लक्षित करते हुए अपने कदम बढ़ा रहे हैं।’’ इनके समस्त उत्पाद छोटे से लेकर प्लस तक कई मापों में उपलब्ध हैं।

फिलहाल ‘फाॅरएवर योगा’ बाजार पर कब्जा करते हुए अपनी बिक्री बढ़ाने के लिये नए दौर के डिजिटल और सोशल मीडिया मार्केटिंग का बखूबी से इस्तेमाल कर रहा है।

‘फाॅरएवर योगा’ को लगता है कि वे बाजार में मौजूद अन्य प्रतिस्पर्धियों से काफी अलग हैं क्योंकि उनके तैयार किये गए परिधानों के डिजाइन ढ़ीले आकार के हैं जो पहनने में काफी आरामदायक हैं। अमित कहते हैं, ‘‘हम चाहते हैं कि योगासनों के अभ्यास और प्रदर्शन के समय हमारे उपभोक्ता शरीर के हिस्सों के दिखावे और अपने शरीर को लेकर चिंतित होने के बजाय पूर्ण आत्मविश्वास के साथ अपना ध्यान अपने आसनों पर केंद्रित कर सकें।’’ उनका यह भी कहना है वे खेल के कपड़ों पर ध्यान न देकर फिलहाल सिर्फ आरामदायक योग परिधानों के क्षेत्र में ही अपना पूरा ध्यान केंद्रित करना चाहते हैं।

इस टीम के सामने सबसे बड़ी चुनौती अपने अनुसंधान एवं विकास केंद्र की सहायता से भारत में ही कपड़ा तैयार करने को लेकर सामने आ रही है। अमित कहते हैं, ‘‘हम अपने इस ब्रांड को वास्तविक रूप से ‘मेड इन इंडिया’ के रूप में बढ़ते हुए देखना चाहते हैं। हम अपने देश में ही इस काम के लिये विशेष कपड़ा विकसित करने की दिशा में कड़ी मेहनत कर रहे हैं और हमें उम्मीद है कि हम जल्द ही ऐसा करने में सफल होंगे। और आगे की दिशा में कदम बढ़ाते हुए हम चाहते हैं कि भविष्य में हम अपने उत्पादों को तैयार करने में इस्तेमाल होने वाले कपड़े, उन्हें छांटने की प्रक्रिया और अन्य सभी सामान भी सिर्फ ‘मेड इन इंडिया’ ही हों।’’

फिलहाल ‘फाॅरएवर योगा’ बैंगलोर के बाहरी में स्थित है और यह पिछले महीने ही शुरू किये गए अपने ई-काॅमर्स चैनल के माध्यम से अपने उत्पादों को बेच रहे हैं। इसके अलावा बाजार का रुख भांपने के लिये इन्होंने बैंगलोर और मुंबई में कुछ प्रदर्शनियों का आयोजन भी किया है। अमित कहते हैं, ‘‘दोनों शहरों में आयोजित इन प्रदर्शनियों में हमें लोगों का अच्छा सहयोग मिला और हम प्रतिदिन लगभग 200 के आसपास पीस बेचने में सफल रहे। इसके बाद ही हमने अपने खुद के ई-कामर्स प्लेटफाॅर्म के विकास पर काम शुरू किया। बाजार से मिलने वाली प्रतिक्रिया के बारे में कुछ भी कहना अभी जल्दबाजी होगा क्योंकि हम इसे इसी सप्ताह आम लोगों के उपयोग के लिये बाजार में उतारने जा रहे हैं।’’

अब यह टीम अपने उत्पादों की श्रृखला के विस्तार की भी योजना बना रही है। अपने ई-काॅमर्स मंच के अलावा वे निकट भविष्य में एमबीओ के माध्यम से भी पूरे देश में अपने उत्पादों को बेचने पर विचार कर रहे हैं। अमित बताते हैं, ‘‘अपने ब्रांड को बढ़ावा देने के लिये हम बी2बी और बी2सी के आधार पर बिक्री करने के लिये हम विभिन्न योग संस्थानों का सहयोग लेने पर भी अपना ध्यान केंद्रित कर रहे हैं। हमनें फिलहाल कुद के साथ करार भी कर लिया है और कुछ के साथ बातचीत अभी प्रारंभिक चरणों में चल रही है।’’

जैसे-जैसे देश में योगाभ्यास करने वालों की संख्या में इजाफा होता जा रहा है वैसे-वैसे ही योग परिधानों और कपड़ों की लोकप्रियता भी बढ़ती जा रही है। चूंकि अब लोग योग को किसी अन्य फिटनेस सत्र की नजर से देखने लगे हैं तो ऐसे में योग परिधानों के बाजार में भी एक कड़ी प्रतिस्पर्धा का दौर तेजी पर है।

अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर देखें तो योग परिधानों का बाजार एक व्यवस्थित बाजार है और इसमें प्रांण और योगासमोगा जैसे खिलाड़ी जैसे पहले से ही अपने पांव जमाए खड़े हैं। भारत में इस क्षेत्र में कदन रखने वाले नवागुंतकों को डू यू स्पीक ग्रीन और ईशा शाॅप जैसे छोटे खिलाडियों से प्रतिस्पर्धा करने के अलावा अर्बन योगा जैसे बड़े ब्रांडों से भी लोहा लेना होगा।

फिलहाल कई नए खिलाड़ी इस क्षेत्र में उतरने की तैयारी में हैं। इस सबके अलावा बड़े और नामचीन योग केंद्र अपने खुद के ब्रांड और स्टोर भी संचालित कर रहे हैं। अपनी कक्षा के बाद आपको बस यह करना होता है कि आप इनके स्टोर में जाएं और अपनी मनपसंद पोशाक पसंद करके खरीद लें।

फ्यूचर लाइफस्टाइल समूह की इंडर लीग्योर द्वारा 2005 में शुरू किया गया अर्बन योगा भारतीय योग पहनावे के क्षेत्र के सबसे बड़े ब्रांडों में से एक है। विभिन्न शोध निषकर्षों पर यकीन करें तो सिर्फ अमरीका में ही योग पहनावे के कारोबार 27 बिलियन डाॅलर से अधिक का है। अगर वैश्विक रुझानों पर नजर डालें तो हमें पता चलता है कि योगावियर सबको पीछे छोड़ते हुए तेजी से रोजमर्रा के पहनावे के बाजार पर कब्जा कर रही है।

यदि आपके पास है कोई दिलचस्प कहानी या फिर कोई ऐसी कहानी जिसे दूसरों तक पहुंचना चाहिए, तो आप हमें लिख भेजें editor_hindi@yourstory.com पर। साथ ही सकारात्मक, दिलचस्प और प्रेरणात्मक कहानियों के लिए हमसे फेसबुक और ट्विटर पर भी जुड़ें...